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दिल की सदा Dil Ki Sadaah

दिल की सदा 



दिल की सदा है बस तेरा नाम,
तेरे बिना हर ख्वाब है अधूरा अरमान।
तू ही है मेरी सुबह की रौशनी,
तेरे बिना सब कुछ है धुंधली।

तेरे बिना ये जीवन है जैसे एक सफर अधूरा,
तेरे साथ हर लम्हा लगता है सुनहरा।
तू हो तो हर सुबह होती है नई शुरुआत,
तेरे बिना ये दिल है एक वीरान रात।

तेरी यादों का जादू है मेरे दिल में बसा,
तेरे बिना ये जीवन है जैसे कोई खोया हुआ खुदा।
तू ही है मेरी खुशी का सबसे बड़ा कारण,
तेरे बिना हर खुशी लगती है जैसे एक बेमिसाल क़िस्मत।

तेरी हंसी में छुपा है मेरा हर ख्वाब,
तेरे बिना ये दिल है बस एक खामोश आबाद।
तू हो तो हर पल होता है खास,
तेरे बिना हर दिन लगता है निराश।

अब तुझमें है मेरी हर एक आस,
तेरे बिना ये दिल है बिल्कुल उदास।
तू ही है मेरी धड़कनों का एहसास,
दिल की सदा है बस तेरा नाम, मेरा विश्वास।


This poem highlights the depth of longing and love, portraying how the beloved’s presence is essential for happiness, while their absence creates a sense of incompleteness and sadness.

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